सोमवार, 6 मार्च 2017

जोगीरा सा रा रा रा

जोगीरा सा रा रा रा 

ढोलक बाजे तासा बाजे अरु बाजे मिरदंग।
राम समुझ जी फाग सुनावे मची खूब हुडदंग। 
जोगीरा

कऊन छते पे चढ़ि के बोले कऊन गड़हिया तीर
कऊन अंगनवां भीतर बोले गावे कऊन कबीर। 
जोगिरा

पापा छत पे चढ़ि के बोलें चाचा गड़ही तीर
बीच अंगनवां भऊजी बोलें भईया कहे कबीर। 
जोगीरा

हम तो लछ्मण लछमण कहिके खूब बजाये गाल
तुम  टीपू के सत्ता खातिर हमैं कियो कंगाल ।
जोगीरा

भंइस हेरानी आजम खां की अगले दिन मिलि जाय
मंत्री परजापती हेराने मुख मंत्री मुस्काय।। 
जोगीरा

बोले टीपू अब तो कुरता करो फाड़ना बंद
खटिया पर बइठेंगे दोनों क्योंकि साथ पसंद ।
जोगीरा

नागिन नाच नीतीश नचावें लालू बजा के बीन
हम बिकास को ढूंढी रहे थे मिले सहाबुद्दीन ।। 
जोगीरा

मास बीति गए नौ से ज्यादा सुनो हो दिग्गी राय
खुसखबरी कब मिली अबतो साल खतम होइ जाय।
 जोगीरा

अचरज देखा भरी दोपहरी मफलर को चिपकाय
एक आदमी फागुन मासे कजरी रहा सुनाय। 
जोगीरा

आन देस का मुखिया देखो जग्य रहा करवाय
व्हाइट हाउस अबकी बारी केसरिया होइ जाय। 
जोगीरा

गाडी भागे मोटर भागे जेट बिमान उड़ि जाय
राजा मोदी सबसे आगे सुनि ल्यो कान लगाय। 
जोगीरा

फागुन आवा है जोगीरा तोहका रहे सुनाय
अच्छा लगा होइ तो रजऊ तुम देओ लइकियाय । 
जोगीरा

डॉ पवन विजय